सफलता के सूत्र - success stories

  
Success stories


safalta ke sutr



निचित रूप से इस अभियान के द्वारा आप सफलता की बुलंदियों को छू सकते है। इसके द्वारा अपने आपको जीवन के उस शिखर पर ले जा सकते है जो आर्थिक, सामजिक,व्यक्तिगत और नैतिक सभी पक्षों से परिपूर्ण है।

लेकिन स्मरण रहे सफलता मात्र एक संयोग नहीं है, सफलता प्राप्त करने के लिए कुछ बुनियादी उसूलों का पालन जरूरी होता है। यह पर कुछ ऐसे ही उसूलों का जिक्र किया जा रहा है, जिनका पालन करके आप स्थायी सफलता के शिखर पर पहुंच सकते है।


योजना :

जब आप बिजनस शुरू करते है तो पूरी तरह योजना बना करके शुरू करें। आपको किस-किस दिन कौनसा और कितना समय इसके लिए निकालना है,इसे योजनाबद्ध करें। इतने ही लोगों से मिलने की योजना बनाए जितने लोगों से आपका सम्पर्क हो सकता है। उतना ही क्षेत्र तय करें जितना आपको मिलने वाले समय के अनुसार उचित हो। अपनी डाउनलाईन को भी बता देना की इतना समय इस बिजनस के लिए है। अपने परिचितों की सूचि बनावे व उनसे मिलने की तारीख व समय निर्धारित करे। कब किससे मीटिंग हुई,वापस कब करनी है आदि चीजें लिखे। आपके ग्रुप में जो लोग जॉइंग हो जाते है उनकी सूचि अलग से बनावे व उनसे सम्पर्क बनाकर रखें ताकि यथा संभव जानकारी उनको मिलती रहे।


टूल्स का उपयोग :

अपनी बात को और लोगों तक प्रभावपूर्ण तरिके से पहुंचाने के लिए RCM टूल्स का उपयोग बहुत ही सहायक होता है। टूल्स में ऑडियो टेप, प्रिंटेड सामग्री , किताबे विडिओ सीडी, फोटोग्राफ,प्रजेंटेशन फाईल आदि चीजें आती है। टूल्स से आपकी कहि हुई बातों की प्रमाणिकता भी साबित होती है और आपको अपनी बात पूरी तरह से किसी के सामने रखने में भी सहायता मिलती है। आपको बात ज्यादा प्रभावशाली बन जाती है। वैसे भी आपके द्वारा बिना दुल्स के हर आदमी को अलग-अलग पूरा बिजनस समझाना संभव नहीं है जबकि टूल्स के द्वारा आसानी से यह काम सम्भव है।

मीटिंग व सेमिनार :

ज्यादा से ज्यादा मीटिंगों में भाग ले एक दो बार भाग लेने के बाद आपको लग सकता है की मैंने बिजनस को समझ लिया है, बार-बार जाने की क्या जरूरत है, या हो सकता है कभी कोई मीटिंग आपकी आशा के अनुरूप न हुई हो। इस सब के बावजूद इस बिजनस में सफलता के लिए ज्याद से ज्यादा मीटिंगों में भाग लेना अत्यंत आवश्यक है इसके निम्न कारण है। .........

मनुष्य की स्मृति समय के साथ कम होती जाती है। समय के साथ साथ किसी कार्य को करने की प्रेरणा कमजोर होती जाती है। बार-बार मीटिंगों में जाने से RCM Business के प्रति आपको प्रेरणा शक्ति बरकरार रहती है। आपकी सकारात्मकता बढाती रहती है।

आप मिटग में जायँगे तो आपके डाउनलाइन डिस्ट्रीब्यूटर्स भी मिटग में जायेंगे निश्चित रूप से इसका फायदा आपको ही मिलेगा। बार-बार मीटिंग में जाने व सुनने से आप भी मीटिंग लेना सिख पाते है।

मीटिंग में अलग-अलग लोगों के अनुभव सुनाने को मिलते है।कब कौनसी अनमोल बात दिल को छू जाय और आपकी व आपके बिजनस को ऊंचाइयों तक पहुंचा दे। एक भी व्यक्ति जब पक्का इरादा कर लेता है तो जाने कितने व्यक्तियों की तक़दीर बना देता है। RCM Business का सम्पूर्ण इतिहास इसी बात का गवाह है की जितने भी ह्रदय परिवर्तन हुए है, वे मीटिंग में ही हुए है। कब कौनसी मीटिंग में क्या हो जायेगा यह जानना तो मुश्किल है, लेकिन यह निश्चित तौर पर कहा जा सकता है की लगातार मीटिंग में जाते रहेंगे तो सफलता निश्चित है।

स्वयं मिटिन लेना सीखें। सुरु-सुरु में आपको लग सकता है की स्टेज पर आकर बोलना मेरे लिए सम्भव नहीं है लेकिन ज्यादातर RCM डिस्ट्रीब्यूटर जो मीटिंग लेते है उन्होंने RCM Business में आकर ही मीटिंग लेना सीखा है। RCM बिज़नेस में आने से पहले उन्होंने कभी सोचा नहीं था की वे भी इस तरह मीटिंग ले पाएँगे। थोड़ा से शुरुवात करें। धीरे-धीरे आपका डर निकलता जाएंगे और आप बहुत अच्छी तरह मीटिंग लेना शिख जाओंगे।


स्वयं से शुरुआत :

जो भी शिक्षा आप डाउनलाइन को देना चागते हो पहले खुद जरूर पालन करे। लोग आपको देखकर ज्यादा सीखते है बजाय आपके कहने से। अगर खुद दूसरे कपडे पहनकर किए को यह कहो की कपकडे RCM के ही पहना करो तो वह आपकी कभी नहीं सुनेगा। लेकिन आप हमेशा RCM के ही कपड़े में रहते हो और किसी को कुछ नहीं भी कहेंगे तो भी दूसरे आपका अनुसरण कर लेंगे। ुजो नट जार क्जोज में लागु होती है चाहे आपके काम करने का तरीका हो, आपका आचरण हो, मीटिंग अटेण्डे करने की बात हो, या रिटेलिंग।



उत्पाद का उपयोग  :

इस बिजनस में बहरी विज्ञापन का सहारा नहीं लिया जाती है। उत्पाद के विज्ञापनकर्ता आप स्वयं ही है, अंतः सभी उत्पादों का स्वयं अधकतम उपयोग करे व अन्य साथियों को इसके लिए प्रेरित करें जो लोग बिज़नेस जॉइन नहीं करना चाहते है उनको भी ये उत्पाद प्रयोग करवाएं। आप और आपके डाउनलाइन डिस्ट्रीब्यूटर ऐसा करेंगे तो आपका बिजनस स्वतः ही चलता रहेगा। RCM Business में आपको जो भी आय प्राप्त होती है।वह आपके ग्रुप में होने वाली RCM उत्पादों की बिक्री पर ही निर्भर है, यही आपका बिजनस है। आपके अपने बिजनस के उप्ताद आप स्वयं उपयोग नहीं करोगे तो दूसरों से उम्मीद करना व्यर्थ है। संकल्पबद्ध होकर इस आस्था के साथ उत्पाद को उपयोग करे की यह मात्र रोजमर्रा के काम आने वाले उत्पाद ही नहीं है बल्कि हमरी "आर्थिक आजादी '' का प्रमुख शस्त्र है।

झूठे वादे न करें :  

कभी भी ऐसे वादे मत करो जिन्हें पूरा करने में थोड़ा सा भी संशय हो। किसी को आपने 5 बार मिलने का वायदा किया और उससे 3 बार मिल पाए तो वह आपके प्रति एक नकारात्मक शवि बनाएगा। इसके बजाय आपने 2 बार मिलने का वादा किया और 3 बार मिल लिए तो आपकी छवि सकारात्मक बनेगी। काम आपने वही का वही किया, लेकिन वादे न परिणामों को बदल दिया। इसलिय तात्कालिक रुप से किसी को खुश करने की कोशिश में गलत वादे न करें व जो भी वादे किए है, उन्हें हर हाल में पूरा करें।

उत्साहपूर्ण व्यक्तित्व :  


कभी भी किसी से बात कर्ण तो उत्साहपूर्ण रहें। निराशा या नकारात्मकता का भाव कभी नहीं आना चाहिए। आप एक उद्देश्यपूर्ण बातचीत कर रहे है, आप एक ान्सेप्ट की तारीफ कर रहे है, आप यह कह रहे है की इससे जीवन में बहुत कुछ मिल सकता है तो यही भाव आपकी वाणी और व्यवहार में होना चहिये। आप उत्साहपूर्ण नहीं है तो आप जो भी कहेंगे, सब बनावटी लगेगा।

व्यक्तितत्व का सबसे पहला प्रभाव आपके बहरी ड्रेसअप से पड़ता है। कोई अव्यवस्थित वस्त्र पहनकर लाखों के बिजनस की बात कारण तो व्यावहारिक नहीं लगता। इसलिए अपने को हमेशा सुव्यवस्थित RCM के वस्त्रों में व चुस्त-स्फूर्त रखें।


धैर्य :  

कोई भी नया काम शुरू करते है तो कुछ समय सीखने के लिए देना ही होता है। ठीक उसी तरह RCM Business में भी कुछ समय आपको सीखने के लिए देना होगा। सुरु-सुरु में आपका ग्रुप भी छोटा व नया होता है। आपको भी सरे अनुभव नहीं हुए है, तो अच्छे परिणाम आने को कुछ समय ही लगता है। सुरु में महत्व सीखने का ज्यादा होता है। जब अच्छी तरह सिख जाते है तो परिणाम स्वयं ही अच्छे आने लगते है। इस बिजनस में सिखने के लिए कहि बाहर नहीं जाना पड़ता है, जितने सफल डिस्ट्रब्यूटर के साथ रहेंगे,जितनी मीटिंग अटेंड करेंगे,और जितना ज्यादा आप स्वयं कार्य करेंगे उतना ही आप ज्यादा सिख पाएंगे।

समय व वित्त प्रबंधन :

अपना अधिकतर समय उन डिस्ट्रब्युटर्स के साथ व्यतीत कर्ण जो स्वयं कुछ करना चाहते हो ताकि आपको उचित परिणाम मिल सके। जो लोग नही करना चाहते हो उन्ही के पीछे लगे रहने में अपना सारा समय न बिता दे। अनावश्यक खर्च करने से बचे। उधार की प्रवृत्ति बिल्कुल न डालें। बचत करना सीखें अपने वर्तमान कार्य को बाधित न करें। केवल उल्टे-सीधे तरिके से पैसा खर्च करके बिजनस बढ़ाने की बजाय शिक्षा देकर बिजनस को बढ़ाए।

डाउनलाइन की उन्नति :

डाउनलाइन की उन्नति ही आपकी उन्नति है। हमेशा उनकी उन्नति के लिए ही कार्य करे। अपने स्वार्थ के लिए उनका गलत उपयोग करके आप तात्कालिक लाभ ले सकते है, लेकिन जो स्थायी लाभ मिलने वाला है, उससे वंचित रह जायँगे, जबकि उनकी उन्नति के लिए कभी आपको तात्कालिक बलिदान भी करना पड़ें, तो भी आपको हमेशा के लिए बहुत फायदा होगा।

RCM Business में किसी नए व्यक्ति को जॉइन करा लेने से काम ख़त्म नहीं होता है,बल्कि आपके असली काम की शुरुआत जॉइन कराने के बाद ही होती है। उसको पूरी जानकारी देनी है , उसको अपने अनुभव सुनाने है, उसको पूरा सीखना है, उसको पूर्णतया प्रेरित करना है। जब तक वह पूर्ण परिपक्व नहीं हो जाए उससे सम्पर्क रखना है ताकि वह अछि सफलता हासिल कर सके और एक ऐसा माध्यम बन जाए जो आपको हमेशा-हमेशा एक अच्छा खास बिजनस दे सके।
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