थॉमस एडिसन का प्रेरक लेख / Thomas Edison motivational article


Thomas Edison motivational article

 आदमी के जीवन का रथ बहुत ही तेजी से चलता है तो कभी मंद चलता है ठीक उसी तरह थॉमस एडिसन के जीवन में भी एक घटना घटित हुई जिस कार्य में हमारी रूचि होती है, जिस फैकल्टी में हमारी पढ़ाई की इच्छा होती है उसमें हमारी पूरी तैयारी होनी चाहिए तभी हम अपने कार्य , उद्देश्य में सफल होते है। ऐसा ही थॉमस एडिसन को अविष्कार करने की जिद्द मन में थी उसके लिए क्या करना चाहिए, कितना खर्चा लगेगा, पैसा कहा से लाना चाहिए यह सभी रास्ते थॉमस एडिसन ने खोज के निकाले थे।

थॉमस एडिसन का जॉब / Thomas Edison's Job

रेलवेगाडी, न्यूज पेपर , फल और खाने का सामान रेलवे में बेचने के लिए रेलवे विभाग से परमिशन लेने के लिए एक अर्ज किया कुछ दिनों में अर्ज को मंजूरी मिल गई और थॉमस एडिसन बहुत खुश हुआ क्यों की उसका सपना पूरा होने की प्रथम स्टेप थी। थॉमस का आत्मविश्वस बढ़ा और तेजी से काम करने लगा।

ग्रैंड-ट्रंक रेलवेपर थॉमस ने काम करना चालू किया। सुबह 7 की ट्रेन से अपना समन बेचने के लिए निकलता था और 128 मैल दूरीतक डिट्राइट जंक्शन तक अपना सामान बेचने का काम  रात के 10 बजे तक करता था।उसका सुबह  का और रात का खाना ट्रेन में ही होता था। दोपहर का खाना डिट्राइट के रेस्टारेंट में करता था।

रेलवेगाडी का यह बिजनेस उसने बहुत बढ़ाया था। ग्राहक को पटाने की टेक्निक थॉमस एडिसन में कूट-कूट कर भरी थी खरेदी को आए ग्राहक को माल खरीदने को मजबूर करता था और ग्राहक सामान लेते थे।

थॉमस विक्रीव्यवसाय में दो साल तक बहुत ही बीजी था। विक्री बढ़ाने के लिए थॉमस ने बहुत प्रयत्न किया था। और उसे फायदा भी हुआ।जमा हुए पैसो से थॉमस ने बुक और प्रयोगशाला को लगनेवाला सामान लिया। लेकिन एक दिन थॉमस मन के मन में सोचने लगा की मै दूसरों का न्यूज पेपर बेचता  हु लेकिन मै अपना न्यूज पेपर बेचता हु तो ज्यादा फायदे में रहूँगा।



थॉमस एडिसन का बिज़नेस / Thomas Edison's Business

थॉमस एडिसन ने दो साल में पुराणी प्रिंटिंग प्रेस खरीदी और प्रिंटिंग प्रेस उसने रेलवेगाडी के डबे में चालू किया उस समय में ट्रेन में धूम्रपान करने के लिए एक डबा खाली रहता था। गार्ड से बात करके आधे डबे में प्रिंटिंग प्रेस और आधे डबे में प्रयोगशाला चालू किया। और '' हेरल्ड '' नाम का न्यूज पेपर चालू किया।  

15 साल की उम्र में बिज़नेस किया चालू / Business done at the age of fifteen

रेलवे के हर दिन के प्रवास के कारण और टेलीग्राफ ऑफिस में जानेके कारण थॉमस को न्यूज पेपर के लिए न्यूज मिलती थी। टाईप, अक्षर मिलाना, छपाई, यह सभी काम थॉमस एडिसन अकेला ही करता था। याने की 
चालक, मालक, संपादक, मुद्रक, प्रकाशन, प्रसारक यह सभी अकेला ही था।  

थॉमस एडिसन का खुद का न्यूज पेपर चालू हुआ। न्यूज पेपर के न्यूज से उसका पेपर ज्यादा बिकने लगा। लेकिन थामस एडिसन का मन एकाग्रह था लेकिन समाधानी नहीं था। विद्युतयंत्र के तरफ उसका ध्यान था। तार यंत्र की जानकारी थॉमस ने जमा की उसकी कुशाग्र बुद्धिमत्ता, कल्पनाशक्ति, नया खोज करने की जिज्ञासा, कोई भी चीज देखते बराबर उसका रहस्य समजणा। पोर्ट ह्युरान के रेलवे वर्कशाप में जाकर रेलवे इंजीन का  ड्रायव्हर और इंजीनिअर  से मुलाखत करके पहचान बनाई और रेलवे इंजिन के बारे मे  जानकारी पूछा।



प्रयोगशाला और प्रिंटिंग प्रेस के रेलवे डबे को आग  

प्रिंटिग प्रेस और प्रयोगशाला के रेलवे डिब्बे को आग लगी, डिब्बे को धक्का लगने के कारण एक बोतल में फ़ॉस्फ़रस रखा था और वे बोतल निचे टाइल्स पर गिर गई और फूटी फ़ॉस्फ़रस बहार निकला और डिब्बे को आग लगी थॉमस ने आग को बुझाया और गार्ड को आग लगी करके पता चला और गार्ड बहुत गुस्से में था उसने थॉमस के दाए कनपट पर जोर से मारा और अपना गुस्सा शांत किया और डिब्बे का सामान निचे फेक दिया। और कहा की इसके बाद रेलवेगाड़ी में कभी दिखना मत। इसके कारण थॉमस का धंदा बंद हो गया और इसके साथ थॉमस का नुकसान भी हुआ थॉमस थप्पड के बजसे बहरा हुआ यह बहरापण थॉमस को मरते दमतक रहा। थॉमस बहरा हुआ तो अच्छा हुआ ऐसा कहता था क्यों की प्रयोग करते समय आजुबाजु का आवाज थॉमस को नहीं आता था। 



रेलवेगाडी की बिक्री बंद हुई और उसे प्रयोग करना था इसके लिए पैसे की जरुरत थी उसने उसपर भी उपाय निकला थॉमस ने '' डिट्राइट फ्री प्रेस '' न्यूज पेपर की बिक्री चालू किया लेकिन उसके मन में एक ही बात चुभती थी की मेरा खुद का न्यूज पेपर होना चाहिए। इसलिए उसने पुराणी प्रिंटिंग प्रेस लिया और ''पॉलप्राय '' नाम का न्यूज पेपर चालू किया इस पेपर के माध्यम से बड़े लोगो की पोल खोलने लगा लेकिन उसको अपना पेपर कुछ दिनों के बाद बंद करना पड़ा। 

तारयंत्र का काम शिकणे के लिए थॉमस माउन्ट क्लेमन्स स्टेशन पर उतरा और स्टेशनमास्टर मॅकेझी के साथ मिलने के लिए ऑफिस के आगे थॉमस बैठा था एक थ्रू गुड्स ड्रेन वहा से जानेवाली थी उसको हरी झंडी भी मिल गई थी। थॉमस का ध्यान उस रेलवे पटरी के तरफ गया तो उस पटरी पर एक छोटा बच्चा खेल रहा था उसे बच्चा दीखते बराबर थॉमस दौड़ते गया और उस बच्चे को बचाया। लोगो का आवाज सुनकर स्टेशन मास्टर बहार निकला और देखता है तो उसका ही बच्चा था मिस्टर मॅकेझी रोने लगा। थॉमस के इस उपकार की भेट करके स्टेशनमास्टर ने अपने पास तारयंत्र का काम थॉमस को शिकाने लगा। 

दोस्तों आगे के पोस्ट में आपको बताएँगे की थॉमस को तारमास्टर की नौकरी कैसे मिली ?      
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